Thursday, October 08, 2026 07:17:31 PM

डीडीयू ट्रेन में 43 लाख बरामद
डीडीयू जंक्शन पर ट्रेन से 43 लाख रुपये बरामद, हवाला से जुड़ा होने का दावा; युवक से पूछताछ जारी

डीडीयू जंक्शन पर सम्पूर्ण क्रांति एक्सप्रेस से 43 लाख रुपये बरामद हुए। युवक ने पूछताछ में रकम को हवाला से जुड़ा बताया है। आयकर विभाग ने नकदी सीज कर जांच शुरू कर दी है।

डीडीयू जंक्शन पर ट्रेन से 43 लाख रुपये बरामद हवाला से जुड़ा होने का दावा युवक से पूछताछ जारी
डीडीयू ट्रेन में 43 लाख बरामद |

उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले में पंडित दीनदयाल उपाध्याय (डीडीयू) जंक्शन पर ट्रेन चेकिंग के दौरान 43 लाख रुपये की नकदी मिलने से सुरक्षा एजेंसियों में हलचल मच गई। आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम ने सम्पूर्ण क्रांति एक्सप्रेस के जनरल कोच में एक युवक के बैग से यह रकम बरामद की। युवक नकदी से संबंधित कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखा सका। पूछताछ में रकम के हवाला से जुड़े होने की बात सामने आने के बाद जांच एजेंसियां मामले की तह तक पहुंचने में जुट गई हैं।

संदिग्ध युवक के बैग से मिली नकदी

जानकारी के मुताबिक, सम्पूर्ण क्रांति एक्सप्रेस पटना से नई दिल्ली की ओर जा रही थी। रात के समय ट्रेन की नियमित जांच के दौरान जनरल कोच में एक युवक की गतिविधियां संदिग्ध लगने पर सुरक्षाकर्मियों ने उससे पूछताछ की। इसके बाद उसके पिट्ठू बैग की तलाशी ली गई, जिसमें बड़ी मात्रा में नकदी मिली।

रकम की गिनती करने पर कुल 43 लाख रुपये बरामद हुए। इतनी बड़ी नकदी के संबंध में जब युवक से दस्तावेज मांगे गए, तो वह कोई वैध कागजात पेश नहीं कर पाया।

युवक ने हवाला से जुड़ी बताई रकम

सीओ जीआरपी कुंवर प्रभात सिंह के अनुसार, पूछताछ में युवक की पहचान आलोक शाह के रूप में हुई है, जो बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट का निवासी है। पुलिस के मुताबिक, युवक ने कथित तौर पर बताया कि वह यह रकम पटना से दिल्ली लेकर जा रहा था और इसका संबंध हवाला से है।

हालांकि, पुलिस अभी युवक के बयान की पुष्टि करने के साथ नकदी के वास्तविक स्रोत और दिल्ली में इसे प्राप्त करने वाले व्यक्ति की पहचान करने में जुटी है।

10 लाख रुपये पहुंचाने पर 10 हजार कमीशन का दावा

पूछताछ के दौरान कथित तौर पर यह बात भी सामने आई कि युवक को नकदी एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने के बदले कमीशन दिया जाता था। दावा है कि प्रत्येक 10 लाख रुपये पहुंचाने पर उसे 10 हजार रुपये मिलते थे।

इस जानकारी के बाद जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि युवक किसी बड़े नकदी नेटवर्क का हिस्सा है या यह किसी एक लेनदेन से जुड़ा मामला है।

मोबाइल फोन और संपर्कों की जांच

नकदी बरामद होने के बाद पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ा दिया है। युवक के मोबाइल फोन और उसमें मौजूद संपर्कों की पड़ताल की जा रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि 43 लाख रुपये किसके थे, इन्हें दिल्ली में किसे सौंपा जाना था और क्या युवक पहले भी इस तरह नकदी पहुंचाने का काम कर चुका है।

रकम के संबंध में वैध दस्तावेज नहीं मिलने पर जीआरपी ने आयकर विभाग को सूचना दी। मौके पर पहुंची आयकर विभाग की टीम ने नकदी को सीज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

फिलहाल मामले में नकदी के स्रोत, संभावित हवाला नेटवर्क और युवक की भूमिका की जांच जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही बरामद रकम और पूरे नेटवर्क से जुड़े तथ्यों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।


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