भाजपा नेहरू पर तुलना से असहमत |
एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार ने महाराष्ट्र सरकार के मंत्री और भाजपा नेता गिरीश महाजन की उस टिप्पणी की आलोचना की है, जिसमें उन्होंने ऑपरेशन ब्लू स्टार को लेकर पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी पर सवाल उठाए थे। पवार ने महाजन के बयान को गलत बताते हुए इसे अस्वीकार्य करार दिया। साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तुलना देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू से किए जाने पर भी आपत्ति जताई।
‘नेहरू का योगदान अतुलनीय, तुलना उचित नहीं’
मुंबई में अपनी पार्टी के 27वें स्थापना दिवस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शरद पवार ने कहा कि देश के निर्माण और स्वतंत्रता संग्राम में जवाहरलाल नेहरू की भूमिका को कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि नेहरू के योगदान और बलिदान का सम्मान करना हर भारतीय की जिम्मेदारी है।
पवार ने कहा कि वर्तमान समय में ऐसा माहौल बनाया जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जैसा कोई दूसरा नेता नहीं है। उन्होंने माना कि मोदी देश के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बन गए हैं, जो अपने आप में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि इसके बावजूद उनकी तुलना जवाहरलाल नेहरू से करना उचित नहीं है।
‘आजादी की लड़ाई में नेहरू ने झेला था जेल जीवन’
शरद पवार ने कहा कि जवाहरलाल नेहरू ने महात्मा गांधी के नेतृत्व में स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान कई वर्ष जेल में बिताए थे। देश की आजादी और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को भारतीय कभी नहीं भूल सकते। उन्होंने कहा कि संसदीय लोकतंत्र में प्रधानमंत्री का पद संवैधानिक और सम्माननीय है, लेकिन नेहरू का स्थान भारतीय इतिहास में अलग और विशिष्ट है।
ऑपरेशन ब्लू स्टार पर इंदिरा गांधी का किया बचाव
पवार ने भाजपा नेता गिरीश महाजन के उस बयान का भी विरोध किया, जिसमें उन्होंने इंदिरा गांधी और राजीव गांधी पर सिख समुदाय के खिलाफ अत्याचार करने के आरोप लगाए थे। पवार ने कहा कि ऑपरेशन ब्लू स्टार इंदिरा गांधी का एक बड़ा बलिदान था और उन्होंने देश की सुरक्षा तथा प्रतिष्ठा के साथ कभी कोई समझौता नहीं किया।
सिख समुदाय के योगदान को किया याद
एनसीपी (एसपी) प्रमुख ने सिख समुदाय की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि देश की सीमाओं की सुरक्षा और खाद्य उत्पादन बढ़ाने में इस समुदाय का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है। उन्होंने कहा कि उस दौर में कुछ लोगों ने गलत रास्ता अपनाया था, जिसके कारण ऐसी घटनाएं हुईं जिन्हें इतिहास कभी भुला नहीं सकता।
क्या था गिरीश महाजन का बयान?
गौरतलब है कि महाराष्ट्र के मंत्री गिरीश महाजन ने ऑपरेशन ब्लू स्टार को ‘काला दिन’ बताते हुए विवाद खड़ा कर दिया था। उन्होंने वर्ष 1984 में की गई सैन्य कार्रवाई की तुलना अफगान शासक अहमद शाह अब्दाली के हमले से की थी। महाजन का आरोप था कि तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने सेना को जबरन पंजाब और पवित्र परिसर के भीतर भेजा था।
विपक्ष ने मंत्री पद से हटाने की उठाई मांग
गिरीश महाजन के बयान के बाद विपक्षी दलों ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। विपक्ष का आरोप है कि इस तरह की टिप्पणियां ऐतिहासिक घटनाओं और संवेदनशील मुद्दों को लेकर विवाद पैदा करती हैं। इसी कारण विभिन्न विपक्षी दल महाजन को मंत्री पद से हटाने की मांग कर रहे हैं।