Friday, August 14, 2026 09:26:40 AM

मेटा पर संसदीय पैनल सख्त
डीपफेक और कंटेंट गड़बड़ी पर मेटा प्रमुख मार्क जुकरबर्ग ने मांगी माफी

संसदीय पैनल के सामने मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने डीपफेक, बाल यौन शोषण सामग्री (CSAM) और प्लेटफॉर्म संचालन में हुई त्रुटियों पर माफी मांगी। बैठक में पीएम मोदी का वीडियो हटने का मामला भी उठा।

डीपफेक और कंटेंट गड़बड़ी पर मेटा प्रमुख मार्क जुकरबर्ग ने मांगी माफी
मेटा पर संसदीय पैनल सख्त |

मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने संसदीय पैनल के समक्ष अपने प्लेटफॉर्म पर डीपफेक कंटेंट, बाल यौन शोषण सामग्री (CSAM) और प्लेटफॉर्म संचालन में हुई त्रुटियों को लेकर माफी मांगी है। समाचार एजेंसी एएनआई ने सूत्रों के हवाले से यह जानकारी दी।

सूत्रों के अनुसार, बैठक में मेटा प्रमुख को स्पष्ट किया गया कि कंपनी आईटी अधिनियम के तहत 'मध्यस्थ (Intermediary)' की परिभाषा में नहीं आती, क्योंकि प्लेटफॉर्म यह तय करता है कि कौन-सा कंटेंट किस उपयोगकर्ता तक पहुंचेगा। ऐसे में उसे सेफ हार्बर (Safe Harbour) का संरक्षण नहीं मिलेगा।

बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वह वीडियो भी चर्चा का विषय बना, जिसे 23 जुलाई को छात्रों के नेतृत्व वाले विरोध प्रदर्शन के दौरान फेसबुक और इंस्टाग्राम से कुछ समय के लिए हटा दिया गया था। बाद में वीडियो बहाल कर दिया गया था। मेटा ने इस घटना के लिए तकनीकी गड़बड़ी को जिम्मेदार बताते हुए पहले भी माफी मांगी थी, लेकिन इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने इस स्पष्टीकरण को पर्याप्त नहीं माना।

भाजपा सांसद निशिकांत दुबे की अध्यक्षता वाली सूचना प्रौद्योगिकी संबंधी संसदीय स्थायी समिति ने महिलाओं के खिलाफ आपत्तिजनक सामग्री और बाल यौन शोषण सामग्री प्रसारित करने वाले प्लेटफॉर्मों के खिलाफ कार्रवाई की भी मांग की। हालांकि, समिति केवल सिफारिश कर सकती है, अंतिम निर्णय सरकार को लेना होता है।

सरकार के समन के बाद बुधवार को मेटा की वैश्विक टीम ने आईटी मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों से भी मुलाकात की। भारत, उपयोगकर्ताओं की संख्या के आधार पर, मेटा का सबसे बड़ा बाजार है, जहां करोड़ों लोग फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप का इस्तेमाल करते हैं।


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