Saturday, September 05, 2026 02:20:41 AM

बच्चों के लिए Meta का नया डिजिटल बेडटाइम
12 बजे के बाद Instagram-Facebook बंद? बच्चों के लिए Meta का नया नियम

रात 12 से सुबह 6 बजे तक Instagram-Facebook पर बच्चों का एक्सेस सीमित होगा। Meta नोटिफिकेशन और फीड में भी बदलाव करेगा।

12 बजे के बाद instagram-facebook बंद बच्चों के लिए meta का नया नियम
बच्चों के लिए Meta का नया डिजिटल बेडटाइम |

सोशल मीडिया का इस्तेमाल बच्चों से लेकर बड़ों तक तेजी से बढ़ रहा है। इसके साथ लोगों का स्क्रीन टाइम भी बढ़ रहा है। कई बच्चे रात में देर तक Instagram और Facebook पर एक्टिव रहते हैं।

अब Meta इस आदत को कम करने के लिए बड़ा बदलाव करने जा रहा है। कंपनी Instagram और Facebook पर डिजिटल बेडटाइम का ट्रायल कर रही है। इसके तहत रात 12 बजे से सुबह 6 बजे तक एक्सेस पर रोक रहेगी। रात और स्कूल के समय नोटिफिकेशन भी कम किए जाएंगे।

बच्चों के लिए बदलेंगे कई नियम

Meta नाबालिग यूजर्स के लिए भी कई बदलाव करने की तैयारी में है। उनके पोस्ट पर लाइक और रिएक्शन की संख्या दिखाई नहीं जाएगी।

इसके अलावा बच्चों और किशोरों के लिए कॉस्मेटिक सर्जरी वाले फिल्टर पर रोक लगाई जाएगी। एज-वेरिफिकेशन सिस्टम और पैरेंटल कंट्रोल को भी मजबूत किया जाएगा।

कंपनी अपने इनफिनिट-स्क्रॉल फीचर में भी रुकावट डालेगी, ताकि बच्चे लगातार स्क्रॉल करते न रहें।

टीनएजर्स को नॉन-पर्सनलाइज्ड फीड का विकल्प भी दिया जाएगा। यानी उन्हें ऐसा फीड मिल सकेगा, जो एल्गोरिदम के आधार पर लगातार उनकी पसंद के हिसाब से कंटेंट दिखाने के बजाय सामान्य कंटेंट दिखाए।

Meta पर अरबों डॉलर का भुगतान करने का दबाव

Meta पर बच्चों और किशोरों को लेकर गंभीर आरोप भी लगे हैं। 2023 में अमेरिका के 29 राज्यों के अटॉर्नी जनरल ने कंपनी के खिलाफ संघीय अदालत में मामला दर्ज किया था।

आरोप था कि Facebook और Instagram को इस तरह डिजाइन किया गया कि बच्चे और किशोर ज्यादा समय तक इन प्लेटफॉर्म पर बने रहें। राज्यों ने यह भी आरोप लगाया कि कंपनी को अपने प्लेटफॉर्म से होने वाले मानसिक और शारीरिक नुकसान की जानकारी थी, लेकिन उसने माता-पिता और जनता को इन खतरों के बारे में सही जानकारी नहीं दी।

मामला आगे बढ़ते-बढ़ते 47 राज्यों, US कैपिटल और कई अमेरिकी क्षेत्रों को शामिल करने वाले बड़े सेटलमेंट तक पहुंच गया।

Meta से शुरुआत में करीब 12.7 बिलियन डॉलर भुगतान की उम्मीद है और कुल रकम 17.1 बिलियन डॉलर, यानी करीब 1.6 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकती है। यह रकम इस बात पर भी निर्भर करेगी कि TikTok और YouTube जैसे दूसरे प्लेटफॉर्म भी इसी तरह के कदम उठाते हैं और भुगतान में हिस्सा लेते हैं या नहीं।

पूर्व कर्मचारी की गवाही से बढ़ी मुश्किल

इस मामले की सुनवाई 18 अगस्त से शुरू हो चुकी है। Meta के पूर्व सेफ्टी इंजीनियर आर्टुरो बेजार की गवाही ने कंपनी के लिए मुश्किलें बढ़ा दीं।

बेजार ने कोर्ट में कहा कि उन्होंने युवा यूजर्स से जुड़े नुकसानदायक अनुभवों को लेकर चिंता जताई थी। उनका आरोप था कि कंपनी की संस्कृति में बच्चों की सुरक्षा से ज्यादा एंगेजमेंट और ग्रोथ को प्राथमिकता दी जाती थी।

अब Meta के नए बदलावों पर नजर है। सवाल यही है कि क्या डिजिटल बेडटाइम और दूसरे सुरक्षा उपाय बच्चों का सोशल मीडिया इस्तेमाल वास्तव में कम कर पाएंगे?


सम्बन्धित सामग्री






हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें!

विशेष ऑफ़र और नवीनतम समाचार प्राप्त करने वाले पहले व्यक्ति बनें