प्रजापति महासम्मेलन में एकता-शिक्षा पर जोर |
बिलासपुर। बिलासपुर स्थित भीमन फार्म हाउस परिसर में रविवार को अखिल भारतीय प्रजापति कुम्भकार महासभा फोरम की ओर से विशाल प्रजापति प्रबुद्ध महासम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज की एकता, शिक्षा, सामाजिक उत्थान और युवाओं को आगे बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा मंत्री धर्मवीर प्रजापति, क्षेत्रीय विधायक ठाकुर धीरेंद्र सिंह और अन्य अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर की।
मंत्री धर्मवीर प्रजापति ने कहा कि किसी भी समाज की तरक्की के लिए शिक्षा सबसे जरूरी है। हर परिवार को अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा देने के साथ उनमें अच्छे संस्कार विकसित करने पर भी ध्यान देना चाहिए। उन्होंने समाज के लोगों से आपसी मतभेद भुलाकर एकजुट होने की अपील की।
उन्होंने कहा कि संगठित समाज ही अपने अधिकारों और विकास के लिए मजबूती से आवाज उठा सकता है। युवाओं से उन्होंने शिक्षा के साथ रोजगार और स्वरोजगार के क्षेत्र में आगे बढ़ने और जरूरतमंद लोगों की मदद करने का आह्वान किया।
बच्चों की शिक्षा पर दें विशेष ध्यान: धीरेंद्र सिंह
क्षेत्रीय विधायक ठाकुर धीरेंद्र सिंह ने कहा कि प्रजापति समाज ने अपनी मेहनत, कला और परंपराओं के जरिए समाज में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने लोगों से बच्चों की शिक्षा पर विशेष ध्यान देने और प्रतिभावान युवाओं को आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि इस तरह के सामाजिक कार्यक्रम आपसी भाईचारे को बढ़ाने और समाज को एकजुट करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम अध्यक्ष रामपाल प्रजापति ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि समाज की प्रगति के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा। मंच अध्यक्ष किशनलाल प्रजापति ने समाज की उपलब्धियों और भविष्य की जरूरतों पर अपने विचार रखे। कार्यक्रम संयोजक राजेंद्र प्रजापति ने सम्मेलन के उद्देश्य की जानकारी देते हुए अतिथियों और समाज के लोगों का आभार जताया।
सम्मेलन में पन्नालाल प्रजापति, रामभूल, मुनीम, प्रेमचंद, किशन प्रजापति, सतीश प्रजापति, हरिओम प्रजापति, संतोष प्रजापति, सुभाष प्रजापति, सरवन प्रजापति, पवन, बिजेंद्र, डॉ. सुभाष, रामप्रसाद, आनंद प्रजापति, तमिलनाडु से आए कानाराम, यशपाल प्रजापति, महेंद्र प्रजापति, राजीव लोचन, सिद्धगिरी महाराज और सुभाष आर्य समेत बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे।
आयोजकों ने बताया कि ऐसे सम्मेलनों का उद्देश्य समाज की प्रतिभाओं को मंच देना, युवाओं को शिक्षा और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करना और समाज में आपसी भाईचारे को मजबूत करना है।