पुलिस हिरासत में आरोपी | पाठकराज
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नोएडा। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने 11 करोड़ रुपये के फर्जी जीएसटी इनवॉइस और करीब 2 करोड़ रुपये के फर्जी क्लेम घोटाले का भंडाफोड़ करते हुए एक वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी कंपनी में अकाउंटेंट के पद पर कार्यरत था और ऑनलाइन टैक्स पोर्टलों की जानकारी का दुरुपयोग कर बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी कर रहा था।
कंपनी की आईडी हैक कर 11 करोड़ के फर्जी इनवॉइस भेजे
शिकायतकर्ता ने 2 अगस्त 2025 को थाना साइबर क्राइम में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि कंपनी के अकाउंटेंट अब्दुल राजीक उर्फ अब्दुल रज्जाक ने कंपनी के GST पोर्टल की ID और पासवर्ड हैक कर लगभग 11 करोड़ रुपये के फर्जी इनवॉइस तैयार किए और करीब 2 करोड़ रुपये का रिफंड क्लेम भी कर दिया। बीते 4 दिसंबर को साइबर क्राइम पुलिस को मिली गुप्त सूचना के आधार पर टीम ने अब्दुल राजीक उर्फ अब्दुल रज्जाक को नोएडा से गिरफ्तार किया। उसके पास से एक मोबाइल फोन और कूटरचित जीएसटी बिल बरामद किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक मोबाइल फोन में घोटाले से जुड़े कई डिजिटल सबूत मिले हैं।
1% कमीशन पर चलता था पूरा नेटवर्क
पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि GST दफ्तर में उसकी मुलाकात अभिनव त्यागी नामक व्यक्ति से हुई, जिसने उसे 1% कमीशन के एवज में फर्जी GST बिलों का नेटवर्क उपलब्ध कराया।आरोपी ने कई फर्जी बिल ग्राहकों को मुहैया कराए। भुगतान मिलने पर कमीशन काटकर बाकी धनराशि अभिनव त्यागी को सौंपता था। इस काम से उसने करीब 1 लाख रुपये कमाए पुलिस का कहना है कि यह संगठित टैक्स फ्रॉड रैकेट है, जिसमें पहले भी कुछ आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं।