मुरादाबाद मां बेटे हत्याकांड |
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले के पाकबड़ा थाना क्षेत्र में मां-बेटे की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। जांच में सामने आया कि 35 वर्षीय सीमा और उसके 10 वर्षीय बेटे अंकुश की हत्या उसके पति जसराम और देवर जयराम ने मिलकर की थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
एसपी सिटी कुमार रण विजय सिंह ने बताया कि सीमा पिछले करीब दो साल से शेरुआ चौराहे के पास किराए के मकान में अपने बेटे अंकुश और पति जसराम के साथ रह रही थी। जसराम ने अपना मकान छोटे भाई जयराम को बेच दिया था। मकान की कीमत में 60 हजार रुपये दिए जा चुके थे, जबकि 2.40 लाख रुपये बाकी थे। इन पैसों को लेकर सीमा और जयराम के बीच विवाद होता था।
पुलिस के अनुसार, जसराम को अपनी पत्नी के चरित्र पर भी शक था। इस वजह से दोनों के बीच अक्सर झगड़ा होता था। सोमवार रात भी विवाद हुआ था, जिसके बाद सीमा ने पुलिस चौकी में शिकायत की थी। बाद में दोनों के बीच समझौता हो गया और वह पति के साथ घर लौट आई। इस समझौते में जयराम भी मौजूद था।
हत्या की साजिश ऐसे रची गई
पुलिस जांच में सामने आया कि घर लौटने के बाद दोनों भाइयों ने सीमा की हत्या की योजना बनाई। जसराम ने जयराम से कहा कि अगर वह सीमा की हत्या कर देगा तो मकान के बचे हुए 2.40 लाख रुपये नहीं मांगे जाएंगे। जयराम भी यह रकम नहीं देना चाहता था, इसलिए वह इस साजिश में शामिल हो गया।
मंगलवार शाम करीब छह बजे जयराम सीमा और अंकुश को बाइक पर बैठाकर रुपये देने का बहाना बनाकर मौढ़ा तैय्या ले गया। रास्ते में उसने पेट्रोल पंप पर बाइक रोकी और अंकुश को वहीं उतार दिया। इसके बाद वह सीमा को खेत में ले गया, जहां पहले से जसराम मौजूद था।
पति ने पैर पकड़े, देवर ने गला रेत दिया
पुलिस के मुताबिक, खेत में जसराम ने सीमा के पैर पकड़ लिए, जबकि जयराम ने धारदार हथियार से उसका गला रेतकर हत्या कर दी।
इसके बाद जयराम पेट्रोल पंप से बोतल में पेट्रोल लेकर वापस आया और अंकुश को भी साथ ले गया। रास्ते में अंकुश अपनी मां के बारे में लगातार पूछ रहा था। पुलिस के अनुसार, जयराम को डर था कि बच्चा घर जाकर पूरी घटना बता देगा। इसी डर से उसने खेत में ही अंकुश का गला दबाकर उसकी भी हत्या कर दी।
आरोपियों ने पहचान छिपाने के लिए सीमा और अंकुश दोनों के चेहरों पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी। इसके बाद सीमा का शव एक खेत में और करीब 500 मीटर दूर दूसरे खेत में अंकुश का शव फेंककर दोनों मौके से फरार हो गए।
ऐसे खुला मामला
बुधवार सुबह गांव के पास गन्ने के खेत में सीमा का शव मिला था। अगले दिन करीब 500 मीटर दूर दूसरे खेत से अंकुश का शव बरामद हुआ। दोनों के चेहरे जलाए गए थे, हालांकि अंकुश का चेहरा पूरी तरह नहीं जल पाया, जिससे उसकी पहचान हो गई।
15 साल पहले हुई थी शादी
पुलिस के अनुसार, जसराम और सीमा की शादी करीब 15 साल पहले हुई थी। दोनों का एक 10 वर्षीय बेटा अंकुश था। जसराम ट्रक चालक है, लेकिन बीमारी के कारण कुछ समय से काम नहीं कर रहा था।
करीब दो साल पहले सीमा ने जसराम की एक बीघा जमीन बेच दी थी। इसके बाद पति-पत्नी के बीच विवाद बढ़ गया था। बताया जा रहा है कि सीमा बाकी बची एक बीघा जमीन भी बेचना चाहती थी, जिसे लेकर भी दोनों में लगातार तनाव बना हुआ था।
सीमा पिछले दो साल से बेटे के साथ गांव छोड़कर कौकरपुर में किराए के मकान में रह रही थी और एक फैक्ट्री में काम करती थी। वह बीच-बीच में गांव आती थी, लेकिन हर बार पति से विवाद होने के कारण वापस लौट जाती थी।
एसपी सिटी कुमार रण विजय सिंह ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी जयराम को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है। वहीं, शुक्रवार देर रात पुलिस ने पति जसराम को भी गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।