धमाके वाली सफेद कार की तस्वीर | पाठकराज
पाठकराज
नई दिल्ली / फरीदाबाद : दिल्ली में हुए धमाके की जांच अब एक अहम मोड़ पर पहुंच चुकी है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि ब्लास्ट में इस्तेमाल हुई सामग्री और घटनास्थल के आसपास देखी गई आई 20 कार का कनेक्शन हरियाणा के फरीदाबाद से जुड़ता दिख रहा है। जांच एजेंसियों ने ब्लास्ट के तुरंत बाद आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली है, जिसमें एक सफेद रंग की आई 20 कार संदिग्ध रूप से देखी गई। सूत्रों के अनुसार, इस गाड़ी को फरीदाबाद की सीमा में प्रवेश करते भी देखा गया था।
गाड़ी में सवार शख्स कौन था?
संदेह की सुई अब डॉ. उमर नामक व्यक्ति पर आकर ठहर गई है, जो कल से लापता है और फरीदाबाद में पकड़े गए विस्फोटक सामग्री के मास्टरमाइंड के रूप में जांच एजेंसियों के रडार पर है। सूत्रों के मुताबिक, घटनास्थल और गाड़ी से मिले जैविक सैंपल को फॉरेंसिक लैब भेजा गया है। अब जांच एजेंसियां डीएनए टेस्ट के ज़रिए इस रहस्य से पर्दा उठाने की तैयारी में हैं। एनआईए और दिल्ली पुलिस की संयुक्त टीम फरीदाबाद, बदरपुर बॉर्डर, नोएडा और दिल्ली के संवेदनशील इलाकों में लगातार छापेमारी कर रही है। जांच एजेंसियों का मानना है कि यह धमाका किसी संगठित नेटवर्क का हिस्सा हो सकता है, जिसके धागे अब धीरे-धीरे सुलझने लगे हैं।
स्थानीय प्रशासन सतर्क
फरीदाबाद पुलिस ने शहर के कई इलाकों में चेकिंग अभियान तेज़ कर दिया है। संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, कुछ ठिकानों पर छापेमारी भी की गई है, जहां से इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और दस्तावेज़ बरामद हुए हैं। वहीं जांच एजेंसियां नोएडा समेत पूरे एनसीआर में तलाशी अभियान चला रही हैं।
जांच एजेंसियां अगले 24 घंटे को मान रहीं अहम
अधिकारियों का कहना है कि अगले 24 घंटे में जांच में बड़ा खुलासा हो सकता है। डीएनए रिपोर्ट और डिजिटल साक्ष्य मिलने के बाद तस्वीर पूरी तरह साफ हो जाएगी कि क्या वाकई डॉ. उमर ही इस पूरी साजिश का मास्टरमाइंड है या इसके पीछे कोई और बड़ा नेटवर्क काम कर रहा है।